Saturday, August 1, 2026
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HESCO and ICICI Foundation : के माध्यम से गांवों में निर्मित 55 पुलों का लोकार्पण

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देहरादून: HESCO and ICICI Foundation  मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को मुख्यमंत्री कैम्प कार्यालय में हेस्को और आईसीआईसीआई फाउण्डेशन के माध्यम से राज्य के पर्वतीय जनपदों के गांवों में निर्मित 55 पुलों का वर्चुअल लोकार्पण किया।

Uttarkashi : पुरोला में हटाई धारा 144, 21 दिन बाद खुली मुस्लिम व्यापारियों की दुकानें

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि में हेस्को और आईसीआईसीआई फाउण्डेशन (HESCO and ICICI Foundation) के सहयोग से बनाये गये इन 55 पुलों से हमारे सुदूर पर्वतीय क्षेत्रों के लोगों को काफी फायदा होगा। ये पुल लाखों लोगों के आवागमन के माध्यम बनेंगे। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड विषम भौगोलिक परिस्थितियों वाला राज्य है। आपदा की दृष्टि से भी राज्य संवेदनशील है। मानसून अवधि में पहाड़ में जनजीवन बहुत प्रभावित होता है। पर्वतीय क्षेत्रों में लोगों के जन जीवन को सामान्य करने की दिशा में हेस्को ने आईसीआईसी फाउंडेशन के साथ मिलकर सराहनीय पहल की है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि हेस्को एवं आईसीआईसीआई फाउंडेशन इसी तरह आगे भी राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में सेतुओं के निर्माण में और सहयोग देते रहेंगे। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि इन पुलों के निर्माण से स्थानीय लोगों को काफी मदद मिलेगी। इन पुलों से कई गांवों को तय की जाने वाली दूरी भी कम होगी।

कार्यक्रम में वर्चुवल माध्यम से जुड़े भारत सरकार के प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार प्रो. अजय कुमार सूद ने कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में लोगों को आवागमन की बेहतर सुविधा के लिए  सरकार की भागीदारी से हेस्को एवं आईसीआईसीआई फाउंडेशन द्वारा यह सराहनीय प्रयास किया गया है। उन्होंने कहा कि दूरस्थ पर्वतीय जनपदों में बनाये गये इन पुलों से वहां के आम जनमानस के जीवन को आसान बनाने में काफी मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों के लिए इस तरह की पहल लगातार होनी चाहिए। अन्य क्षेत्रों में भी ऐसे कार्य होने चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य को पीएसए कार्यालय से जो भी सहयोग की आवश्यकता होगी, जितना संभव होगा सहयोग दिया जायेगा।

हेस्को के संस्थापक एवं पद्म भूषण डॉ. अनिल प्रकाश जोशी ने कहा कि आपदा के समय दुर्गम क्षेत्रों के गांवों में सम्पर्क मार्गों की सबसे अधिक समस्या आती है। ऐसे क्षेत्रों में लोगों राहत देने के उद्देश्य से हेस्को एवं आईसीआईसीआई फाउंडेशन द्वारा सरकार को सहयोग देने के प्रयास किये गये हैं। पिछले साल भी मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा 15 पुलों का लोकार्पण किया गया था। पर्वतीय क्षेत्रों के लोगों को इन पुलों के बनने से काफी मदद मिल रही है।

आईसीआईसीआई फाउण्डेशन के चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर श्री अनुज अग्रवाल ने कहा कि फाउण्डेशन द्वारा राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों के लोगों को आवागमन की बेहतर सुविधा दिलाये जाने के उद्देश्य से पुलों का निर्माण किया गया है। पर्वतीय क्षेत्रों में लोगों को बेहतर सुविधाएं मिल सके इसके लिए आगे भी सहयोग दिया जायेगा। उन्होंने कहा कि आईसीआईसीआई फाउंडेशन द्वारा वर्षा जल संचय की दिशा में भी कार्य किये जा रहे हैं। सामाजिक सरोकारों एवं जनहित में कार्य करने के फाउंडेशन द्वारा प्रयास किये जाते रहे हैं।

इस अवसर पर महानिदेशक यूकॉस्ट प्रो. दुर्गेश पंत, फिल्म एवं कला जगत से जुड़ी श्रीमती हिमानी शिवपुरी, आईसीआईसीआई फाउंडेशन से श्री अभय शर्मा एवं वर्चुअल माध्यम से सभी जिलाधिकारी जुड़े थे।

Biporjoy : अमित शाह ने गुजरात में चक्रवात से हुई तबाही का लिया जायजा

Uttarkashi : पुरोला में हटाई धारा 144, 21 दिन बाद खुली मुस्लिम व्यापारियों की दुकानें

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पुरोला: Uttarkashi  पुरोला में 21 दिन बाद मुस्लिम व्यापारियों की सात दुकानें खुल गई हैं। हालात सामान्य की ओर बढ़ने लगे हैं। लव जिहाद के विरोध में पुरोला में मुस्लिम व्यापारियों से दुकानें खाली कराने को लेकर तीन सप्ताह पहले उपजा गतिरोध अब टूटता नजर आ रहा है।

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26 मई की पुरोला में नाबालिग लड़की भगाने की हुई  घटना

पुरोला बाजार (Uttarkashi) में पुलिस की मौजूदगी के बीच खूब चहल-पहल रही। पुरोला में शांति व्यवस्था बनाए रखने को लागू की गई निषेधाज्ञा भी हटा ली गई है। साथ ही बाजार में भी अब पहले की तरह चहल-पहल बढ़ने लगी है। शनिवार की सुबह पुरोला में सात मुस्लिम व्यापारियों की दुकानें खुल गई हैं। इनमें तीन नाई, तीन कपड़-गारमेंटस और एक कबाड़ी की दुकान खुली है। 26 मई की पुरोला में नाबालिग लड़की भगाने की घटना के बाद से मुस्लिम व्यापारियों की दुकाने बंद थी। करीब 14 व्यापारियों ने पुरोला से दुकानें खाली कर दी हैं। इससे पहले शुक्रवार को पुरोला सहित यमुना घाटी के सभी बाजार खुले।

25 जून को बड़कोट में महापंचायत

हालांकि, 25 जून को बड़कोट में प्रस्तावित महापंचायत को लेकर पुलिस-प्रशासन की चिंता बरकरार है। महापंचायत रोकने के लिए प्रशासन ने यमुना घाटी हिंदू जागृति संगठन की बैठक बुलाई थी, जो किन्हीं कारणों से नहीं हो पाई। लव जिहाद और लैंड जिहाद को लेकर 18 जून को धौंतरी व्यापार मंडल ने भी बाजार बंद रखने और रैली निकालने का एलान किया है।

26 मई को आई थी नाबालिग लड़की को भगाने की घटना सामने

पुरोला में इसी 26 मई को नाबालिग लड़की को भगाने की घटना सामने आई थी। इस प्रकरण में एक मुस्लिम युवक और उसके दोस्त को गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और स्थानीय व्यापारियों ने मुस्लिम व्यापारियों के विरुद्ध मोर्चा खोल दिया। उन्हें दुकानें खाली करने को कहा गया। कुछ मुस्लिम व्यापारी सामान समेट कर जा चुके हैं, जबकि कुछ की दुकानें अभी बंद हैं।

19 जून तक लागू की गई थी निषेधाज्ञा

इस प्रकरण (Uttarkashi) को लेकर वीरवार को आहूत हिंदू संगठनों की महापंचायत टल गई थी। स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने पुरोला में 19 जून तक निषेधाज्ञा लागू करने के साथ ही पूरे क्षेत्र को छावनी में तब्दील कर दिया था। लेकिन, यमुना घाटी हिंदू जागृति संगठन के आह्वान पर वीरवार को बड़कोट और नौगांव के व्यापारियों व स्थानीय निवासियों ने बड़ी संख्या में पुरोला के लिए कूच कर दिया। पुलिस ने उन्हें नौगांव मुंगरा पुल के निकट रोक दिया था। इसके बाद संगठन ने 25 जून को बड़कोट में महापंचायत का एलान कर दिया।

UP Heat Stroke : यूपी के बलिया जिले में प्रचंड गर्मी, 74 की मौत

 

Biporjoy : अमित शाह ने गुजरात में चक्रवात से हुई तबाही का लिया जायजा

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Biporjoy : चक्रवाती तूफान बिपरजॉय एक दिन पहले गुजरात के तट से टकराने के बाद शुक्रवार को आगे बढ़ गया। नुकसान का आकलन अभी मुश्किल है, लेकिन हर तरफ टूटे घर, उखड़े बिजली के खंभे हालात बयां कर रहे हैं। करीब छह सौ पेड़ सड़कों पर गिर गए, जिन्हें हटाया जा रहा है। इसी बीच शनिवार को हालातों को देखते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया। गृह मंत्री ने हेलीकॉप्टर से बाढ़ प्रभावित इलाकों का हाल जाना। अस्पताल में भर्ती लोगों से मुलाकात की और उनके हालचाल लिए।

UP Heat Stroke : यूपी के बलिया जिले में प्रचंड गर्मी, 74 की मौत

भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, बिपरजॉय ने राज्य में कच्छ और सौराष्ट्र क्षेत्र के आठ जिलों को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचाया है। हालांकि, पूर्व चेतावनी और पुख्ता तैयारियों ने किसी तरह की जनहानि नहीं होने दी। समय रहते एक लाख से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया था। बिपरजॉय से प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति का जायजा लेने के लिए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह गुजरात पहुंचेंगे। वह यहां कच्छ और जखाऊ बंदरगाह का दौरा करेंगे। बाद में मुख्यमंत्री और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक भी करेंगे।

शाह सबसे पहले प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण करेंगे। इस दौरान वह आश्रय गृहों का दौरा करेंगे और लोगों से मिलेंगे। इसके बाद वह मांडवी जाएंगे और प्रभावित लोगों से मिलेंगे। बाद में, गृह मंत्री भुज में स्वामी नारायण मंदिर जाएंगे और प्रभावित लोगों के लिए खाद्य सामग्री और अन्य सुविधाओं की समीक्षा करेंगे।

बता दें कि 1998 में गुजरात में आए भीषण तूफान (Biporjoy) में करीब चार हजार लोगों ने जान गंवाई थी। स्थानीय मीडिया के मुताबिक, 2001 के तूफान में 100 लोग मारे गए थे। कच्छ, देवभूमि द्वारका, जामनगर, भावनगर, बनासकांठा और मोरबी जिलों में शुक्रवार को मूसलाधार बारिश हुई। देवभूमि द्वारका में तो 24 घंटों के दौरान 100 से 200 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग के मुताबिक, बनासकांठा और पाटन समेत कई जिलों में रविवार सुबह तक भारी बारिश जारी रहने की संभावना है। सेना और एनडीआरएफ पूरी मुस्तैदी से तैयार हैं।

Weather Update : दिल्ली-एनसीआर में मौसम ने ली करवट, लोगो को मिली गर्मी से राहत

UP Heat Stroke : यूपी के बलिया जिले में प्रचंड गर्मी, 74 की मौत

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UP Heat Stroke : यूपी के बलिया जिले में प्रचंड गर्मी के कारण कोहराम मचा हुआ है। धूप का प्रकोप इतना विकराल हो गया है कि कई लोगों को अपनी जान से हाथ धोना पड़ा। प्रचंड गर्मी और लू के बीच बलिया जिला अस्पताल के आंकड़े आपको भयभीत कर सकते हैं। आकंड़ों के मुताबिक, बीते तीन दिन में ही हीट स्ट्रोक से 74 लोगों की मौत हुई है। इन मौतों ने लोगों को हिलाकर रख दिया है।

Weather Update : दिल्ली-एनसीआर में मौसम ने ली करवट, लोगो को मिली गर्मी से राहत

बलिया जिले में 43-44 डिग्री तापमान

बलिया जिले में पिछले दो दिन से 43-44 डिग्री सेल्सियस के ऊपर तापमान चल रहा है। डायरिया और लू के मरीजों से सरकारी व निजी अस्पताल के बेड फुल हो गए हैं। जिला अस्पताल की इमरजेंसी में आने वाले अधिकतर मरीजों की मौत हो जा रही है। शुक्रवार सुबह से देर रात तक 25 मरीजों की मौत हुई। इस सप्ताह सबसे ज्यादा मौत (31) गुरुवार को हुई।

कोरोना काल में भी नहीं हुई थी इतनी मौतें

जिला अस्पताल की इमरजेंसी और वार्डों में भर्ती मरीजों की अचानक मौत की संख्या में इजाफा होने के कारण नि:शुल्क शव वाहन तक नहीं मिले। लोगों को निजी वाहनों से शव लेकर जाना पड़ा। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, एक सप्ताह में 101 मौत हुई है। कर्मचारियों के अनुसार, कोरोना संक्रमण के दौरान भी एक दिन में इतनी मौतें नहीं हुई थीं।

50 वर्ष से ऊपर के बुजुर्ग सबसे ज्यादा मौत (UP Heat Stroke)

50 वर्ष से ऊपर के बुजुर्ग सबसे ज्यादा मौत की चपेट में आ रहे हैं। अचानक मौत के आंकड़ों में इजाफा होने से अस्पताल प्रशासन की मुश्किलें पड़ा दी है। आनन-फानन में इमरजेंसी कक्ष, इमरजेंसी वार्ड सहित अन्य वार्डों में कूलर और एसी लगवाए गए हैं। इसके बाद मरीजों को कुछ राहत मिल रही है।

जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक ने कहा कि डा. दिवाकर सिंह भीषण गर्मी के कारण अचानक डायरिया, हीट स्ट्रोक, तेज बुखार, सांस की समस्या वाले मरीजों की संख्या बढ़ गई। मरीजों को समय से चिकित्सक सुविधा न मिलने के कारण हालत खराब होने पर अस्पताल पहुंच रहे हैं। इससे इलाज के बाद भी हालत में सुधार नहीं हो रहा है।

Uttarkashi : हिन्दुत्ववादियों के आतंक से जूझ रहा मुसलमान- ओवैसी

Weather Update : दिल्ली-एनसीआर में मौसम ने ली करवट, लोगो को मिली गर्मी से राहत

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Weather Update : शुक्रवार को दिल्ली-एनसीआर बारिश होने की वजह से लोगो को गर्मी से राहत मिली है। बारिश होने की वजह से तापमान में भी तोड़ी गिरावट आई है। दिल्ली में अगले चार दिनों तक बारिश की संभावना है साथ ही पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी बारिश का अलर्ट जारी क दिया गया है। बारिश से पहले मौसम विभाग ने आशंका जताई थी कि आज 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने के साथ ही दक्षिणी दिल्ली के आसपास इलाकों में बूंदाबांदी हो सकती है।

Uttarkashi : हिन्दुत्ववादियों के आतंक से जूझ रहा मुसलमान- ओवैसी

Weather Update News :

मौसम विभाग ने अनुसार दिल्ली के अलावा एनसीआर में नोएडा, दादरी, ग्रेटर नोएडा, फरीदाबाद, मानेसर और बल्लभगढ़ समेत आसपास के क्षेत्रों में भी बारिश होने की संभावना जताई थी।

गुरुवार को गुरुग्राम के ग्रामीण इलाकों में कुछ जगहों पर बारिश की बूंदें गिरी, ठंडी हवाओं ने गर्मी का असर कम किया है। तापमान में पिछले दिनों के मुकाबले चार डिग्री की कमी आई है। गुरुवार को शहर को अधिकतम तापमान 37.5 डिग्री सेल्सियस था और न्यूनतम तापमान 28.7 डिग्री था।

प्रादेशिक मौसम विभाग में उपमहानिदेशक डॉ. कुलदीप श्रीवास्तव ने पहले ही पूर्वानुमान जताया था कि 14 जून को तापमान अधिक रहने के बाद 15 जून से गिरावट शुरू होगी। ऐसा 15 व 16 जून व 18-19 जून को बारिश होने के कारण होगा। इस दौरान तापमान 38-39 डिग्री के बीच रहने की संभावना है, जबकि न्यूनतम तापमान भी 27 डिग्री तक रहेगा। 18-19 जून को हल्की बारिश के साथ 30-50 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से हवा भी चल सकती है। अभी लू की स्थिति नहीं है।

21 जून तक गुरुग्राम में ऐसा ही मौसम रहने के आसार

पिछले दिनों जहां शहर का अधिकतम तापमान 41, 42 डिग्री सेल्सियस तक हो गया था। मौसम विज्ञान विभाग से मिली सूचना के अनुसार 21 जून तक ऐसा ही मौसम रहने के आसार है। हल्की बारिश भी हो सकती है।पश्चिमी विक्षोभ के कारण बारिश की संभावना बन रही है। शिकोह पुर स्थित कृषि मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डा. मंजीत कुमार ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ का असर अगले 5 दिनों तक रहेगा। 30 से 40 किमी की गति से हवाएं चलेंगी, बिजली चमक सकती और छिटपुट बारिश हो सकती है। इससे गर्मी कम होगी। बृहस्पतिवार को भी कुछ इलाकों में हल्की बारिश हुई है। आने वाले 21 जून तक तापमान पिछले हफ्ते के मुकाबले कम रहेगा।

CM Visit Kedarnath : केदारनाथ आपदा के 10 वर्ष पूरे होने पर केदारनाथ पहुंचे CM

Uttarkashi : हिन्दुत्ववादियों के आतंक से जूझ रहा मुसलमान- ओवैसी

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देहरादून: Uttarkashi  पुरोला में हुई नाबालिग लड़की को भगाने की घटना के बाद आक्रोश का माहौल शांत होने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार को पुरोला में निषेधाज्ञा धारा 144 लागू है। पुरोला बाजार खुल चुका है। लेकिन मुस्लिम समुदाय के व्यापारियों की दुकानें आज शुक्रवार को भी बंद हैं। वहीं 25 जून को बड़कोट में महापंचायत करवाने का एलान करने वाले यमुना घाटी हिंदू जागृति संगठन के पदाधिकारियों को उपजिलाधिकारी बड़कोट में वार्ता के लिए बुलाया है। जिससे महापंचायत के आयोजन को टाला जा सके और क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनी रहे।

CM Visit Kedarnath : केदारनाथ आपदा के 10 वर्ष पूरे होने पर केदारनाथ पहुंचे CM

साजिश के तहत मुसलमानों को बनाया जा रहा निशाना : ओवैसी

इस बीच एआइएमआइएम चीफ असदुद्दीन ओवैसी के ट्वीट से सियासत फ‍िर गर्मा गई है। उन्‍होंने कहा है कि ”उत्तराखंड में एक सोची समझी साजिश के तहत मुसलमानों को निशाना बनाया जा रहा है। झूठ की बुनियाद पर मुसलमानों को उनके जान और माल से महरूम करने की हर मुम्किन कोशिश की जा रही है। भाजपा और संघ परिवार के लोग इस षड्यंत्र में पूरी तरह शामिल है।

“सबका साथ, सबका विकास” की लफ्फाजी एक तरफ और प्रधानमंत्री की चुप्पी दूसरी तरफ। आरएसएस के भागवत का कहना है कि ‘मुसलमान दुनिया में सबसे सुरक्षित भारत में हैं’। भगवत को उत्तरकाशी जाकर ये बात कहनी चाहिए। सच तो यही है कि भारत का मुसलमान हिंसक हिन्दुत्ववादियों के आतंक से अकेले जूझ रहा है।”

25 जून को बड़कोट में महापंचायत के आयोजन का एलान (Uttarkashi)

वहीं यमुना घाटी हिंदू जागृति संगठन की ओर से 25 जून को बड़कोट में महापंचायत के आयोजन के एलान के बाद प्रशासन भी सतर्क हो गया है। बृहस्पतिवार की शाम को जिलाधिकारी अभिषेक रुहेला ने बड़कोट के उपजिलाधिकारी जितेंद्र कुमार को निर्देश दिए हैं कि महापंचायत का आयोजन करने की बात कहने वाले हिंदू जागृति संगठन के साथ बैठक करें।

जिसके बाद उपजिलाधिकारी जितेंद्र कुमार ने शुक्रवार को हिंदू जागृति संगठन के कार्यकर्त्ताओं को वार्ता बैठक के लिए आमंत्रित किया है। जिलाधिकारी अभिषेक रुहेला ने कहा कि उपजिलाधिकारी को यह निर्देश दिए गए हैं कि संबंधित संगठन के पदाधिकारियों महापंचायत के आयोजन संबंधित मांगों पर चर्चा करें। हो सकता है कि उनकी जायज मांगों पर शीघ्र कार्यवाही की जा सके। जिससे महापंचायत का आयोजन टाला जा सके।

Nehru Memorial : केंद्र ने बदला नेहरू मेमोरियल का नाम, पीएम पर बरसी कांग्रेस

CM Visit Kedarnath : केदारनाथ आपदा के 10 वर्ष पूरे होने पर केदारनाथ पहुंचे CM

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रूद्रप्रयाग/देहरादून: CM Visit Kedarnath  मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी केदारनाथ आपदा के 10 वर्ष पूरे होने पर श्री केदारनाथ धाम पहुंचे।  मुख्यमंत्री ने बाबा केदारनाथ के दर्शन कर देश व प्रदेश की खुशहाली की कामना की। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने इस अवसर पर केदारनाथ की त्रासदी में हताहत हुए लोगों की शांति एवं उनकी मुक्ति के लिए हवन कर प्रार्थना की। मुख्यमंत्री ने नवनिर्मित भगवान ईशानेश्वर के दर्शन कर पूजा अर्चना भी की।

Nehru Memorial : केंद्र ने बदला नेहरू मेमोरियल का नाम, पीएम पर बरसी कांग्रेस

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने हेलीपैड से लेकर मंदिर परिसर तक सभी निर्माण कार्यों का निरीक्षण कर केदारधाम में चल रहे कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने  केदारनाथ धाम में चल रहे पुनर्निर्माण कार्य के दूसरे फेज के सभी कार्यों को इस साल के अंत तक पूर्ण कराने के निर्देश भी दिये।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (CM Visit Kedarnath) ने कहा कि आज से 10 वर्ष पहले केदारनाथ में आई त्रासदी ने सब कुछ बर्बाद कर दिया था।  उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी, बाबा केदार के अनन्य भक्त हैं, बाबा केदार के सच्चे भक्त है। आज बाबा केदार की कृपा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की इच्छाशक्ति के कारण ही  समस्त केदार पुरी क्षेत्र दिव्य और भव्य रूप ले चुकी है और आगे भी कार्य जारी हैं। मुख्यमंत्री श्री धामी ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी का धन्यवाद करते हुए बाबा केदार से उनके स्वस्थ, दीर्घायु होने की कामना की।

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर धामी ने इस दौरान केदारनाथ धाम में पुनर्निर्माण के कार्य कर रहे हैं श्रमिकों से मुलाकात कर वार्तालाप कर उनका हालचाल जाना। उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि हमारे श्रमिक विभिन्न विषम परिस्थितियों में यह कार्य रहे हैं, सभी श्रमिकों का विशेष ख्याल रखा जाए उन्हें किसी भी परेशानी का सामना ना करना पड़े। इस दौरान मुख्यमंत्री श्री पुष्कर धामी का सभी तीर्थ पुरोहितों ने स्वागत किया।

इस अवसर पर. बद्रीनाथ केदारनाथ समिति के अध्यक्ष अजेंद्र अजय, जिला पंचायत अध्यक्ष अमरदेई शाह, जिला अध्यक्ष भाजपा महावीर पवार, सचिव विनय शंकर पांडे, पुलिस अधीक्षक विशाखा अशोक भदाणे,अपर मुख्य कार्याधिकारी बद्री केदार मंदिर समिति योगेंद्र सिंह सहित बडी संख्या में आये श्रद्धालु गण उपस्थित थे।

Biparjoy : बिपरजॉय तूफान ने मचाया कहर, 22 घायल, दो की मौत

Nehru Memorial : केंद्र ने बदला नेहरू मेमोरियल का नाम, पीएम पर बरसी कांग्रेस

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Nehru Memorial : दिल्ली स्थित नेहरू मेमोरियल का नाम बदलकर पीएम मेमोरियल रखा गया। नाम बदलने पर कांग्रेस ने सरकार पर हमला बोला है। कांग्रेस ने कहा है कि नाम में बदलाव प्रतिशोध और संकीर्णता का नतीजा है। नेहरू मेमोरियल म्यूजियम एंड लाइब्रेरी को अब प्रधानमंत्री म्यूजियम एंड सोसाइटी के नाम से जाना जाएगा।

Biparjoy : बिपरजॉय तूफान ने मचाया कहर, 22 घायल, दो की मौत

राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में फैसले पर लगी मुहर

प्राप्त जानकारी के अनुसार, गुरुवार को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में एक विशेष बैठक हुई थी, जिसमें नेहरू मेमोरियल का नाम बदलने के फैसले पर मुहर लग गई। राजनाथ सिंह नेहरू मेमोरियल म्यूजियम एंड लाइब्रेरी के उपाध्यक्ष हैं। वहीं प्रधानमंत्री इसके अध्यक्ष हैं। साथ ही केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह, निर्मला सीतारमण, धर्मेंद्र प्रधान, जी किशन रेड्डी, अनुराग ठाकुर समेत 29 सदस्य इस सोसाइटी में शामिल हैं।

जानिए पीएम मेमोरियल का इतिहास

एडविन लुटियंस की इंपीरियल कैपिटल का हिस्सा रहा तीन मूर्ति भवन अंग्रेजी शासन में भारत के कमांडर इन चीफ का आधिकारिक आवास था। साल 1948 में जब पंडित नेहरू देश के प्रधानमंत्री बने तो तीन मूर्ति भवन उनका आधिकारिक आवास बन गया। पंडित नेहरू 16 साल तक इस घर में रहे और यहीं पर उन्होंने अंतिम सांस ली। इसके बाद इस तीन मूर्ति भवन को पंडित नेहरू की याद में उन्हें समर्पित कर दिया गया और इसे पंडित नेहरू म्यूजियम एंड मेमोरियल के नाम से जाना जाने लगा। अब केंद्र सरकार ने इसका नाम नेहरू मेमोरियल (Nehru Memorial) से बदलकर पीएम म्यूजियम एंड सोसाइटी कर दिया है।

कांग्रेस ने केंद्र के फैसले की आलोचना की

कांग्रेस ने केंद्र के इस फैसले की आलोचना की है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और कांग्रेस प्रवक्ता जयराम रमेश ने ट्वीट करते हुए लिखा कि ‘नाम में बदलाव प्रतिशोध और संकीर्णता का नतीजा है। बीते 59 सालों से नेहरू मेमोरियल म्यूजियम एंड लाइब्रेरी वैश्विक बौद्धिकता का अहम स्थान और किताबों का खजाना रहा है। पीएम मोदी भारतीय राष्ट्र-राज्य के वास्तुकार के नाम और विरासत को विकृत, तिरस्कृत और नष्ट करने के लिए क्या नहीं करेंगे। असुरक्षाओं के बोझ तले दबे एक छोटे कद के व्यक्ति स्वयंभू विश्वगुरु हैं।’

Kainchi Dham : मुख्यमंत्री धामी ने कैंची धाम के स्थापना दिवस की दी शुभकामना

 

Biparjoy : बिपरजॉय तूफान ने मचाया कहर, 22 घायल, दो की मौत

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Biparjoy : चक्रवात बिपरजॉय के गुजरात के तट से टकराने के बाद तटीय जिलों में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश हो रही है। कई जगहों पर पेड़ और खंभे गिरने की घटनाएं सामने आई हैं। साथ ही भावनगर में दो लोगों की मौत हो गई है।

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45 गांवों में बिजली गुल: पीजीवीसीएल

मोरबी के कार्यकारी अभियंता जेसी गोस्वामी ने बताया कि तेज हवाओं से बिजली के तार और खंभे टूट गए, जिससे मलिया तहसील के 45 गांवों में बिजली गुल हो गई। 11 गांवों में बिजली बहाल कर दी गई है। तटीय ग्रामीण और रेगिस्तानी इलाकों में 300 से ज्यादा बिजली के खंभे टूट गए हैं। पीजीवीसीएल शेष ग्रामीण क्षेत्रों में जल्द से जल्द बिजली बहाल करने के लिए काम कर रही है।

मांडवी शहर में पूरी तरह से बिजली गुल

कच्छ जिले के मांडवी में तूफान (Biparjoy Cyclone News) के असर के कारण कई इलाकों में पेड़ उखड़ गए तो कई इलाकों की बिजली चली गई। वहीं समुद्र के किनारे स्थित निचले इलाकों में पानी भरने की भी जानकारी सामने आई है। मांडवी शहर में पूरी तरह से बिजली गुल रही। तेज हवाओं के कारण जखौ-मांडवी रोड के साथ-साथ मांडवी शहर में कई पेड़ उखड़ गए। जिला कलेक्टर अमित अरोड़ा ने कहा कि सबसे बुरी तरह से प्रभावित क्षेत्र कच्छ जिले में अभी तक किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। उन्होंने कहा, हवा की गति बहुत तेज है। अभी हर जगह बारिश हो रही है। लेकिन स्थिति नियंत्रण में है। उन्होंने मीडिया से कहा कि हमें मामूली नुकसान हुआ है जैसे 200 बिजली के खंभे उखड़ गए हैं, 250 पेड़ उखड़ गए हैं और हमने एहतियात के तौर पर पांच तहसीलों में बिजली आपूर्ति काट दी है।

पशुओं को बचाने की कोशिश में बाप-बेटे की मौत

चक्रवात बिपारजॉय (Biparjoy Cyclone News)  के कारण हो रही तेज बारिश के बीच भावनगर में एक उफनते नाले में फंसी अपनी बकरियों को बचाते समय एक व्यक्ति और उसके बेटे की मौत हो गई। भावनगर में मामलातदार (राजस्व अधिकारी) एसएन वाला ने कहा कि सुबह से हुई बारिश के बाद सीहोर शहर के पास भंडार गांव से गुजरने वाले एक नाले के ऊपर से पानी बहने लगा। वाला ने कहा कि अचानक पानी आने से बकरियों का झुंड नाले में फंस गया। जानवरों को बचाने के लिए 55 वर्षीय रामजी परमार और उनका बेटा राकेश परमार (22) नाले में घुस गए। इसके बाद वे पानी में बह गए। उनके शवों को कुछ दूर से निकाल लिया गया।

अधिकारी ने कहा कि 22 बकरियां और एक भेड़ की भी मौत हो गई। अधिकारियों ने कहा कि इसके अलावा राज्य में कहीं और से चक्रवात संबंधी मौत की जानकारी नहीं मिली है।

पीएम मोदी ने गुजरात के सीएम से बात की

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार रात गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल से फोन पर बात की और अत्यंत गंभीर चक्रवात ‘बिपरजॉय’ (Biparjoy Cyclone News)  के बाद की स्थिति के बारे में जानकारी ली। इसके अलावा पीएम मोदी ने जंगली जानवरों, विशेषकर गिर के जंगल में शेरों की सुरक्षा के लिए राज्य प्रशासन द्वारा उठाए गए कदमों के बारे में जानकारी ली। सीएम पटेल ने ट्वीट किया, पीएम मोदी ने टेलीफोन पर बातचीत की और चक्रवात बिपरजॉय के टकराने के बाद गुजरात की स्थिति के बारे में जानकारी ली।

तूफान से 22 लोग घायल, 940 गांवों में बिजली गुल

गुजरात के राहत आयुक्त आलोक पांडे ने बताया कि चक्रवाती तूफान के कारण अब तक करीब 22 लोग घायल हुए हैं। अभी तक किसी के मरने की सूचना नहीं है। पेड़ और खंभे गिरने की घटनाओं में 23 मवेशियों की मौत हुई है। उन्होंने कहा कि तेज हवाओं के कारण 524 पेड़ गिरे हैं और कहीं-कहीं बिजली के खंभे भी गिर गए हैं, जिससे 940 गांवों में बिजली गुल हो गई है।

150-200 बिजली के खंभे गिरे

भुज के डीएम अमित अरोड़ा ने बताया कि अब तक लगभग 150-200 बिजली के खंभे गिरे हैं, 6 बिजली उपकेंद्र बंद हैं। 15 वाटरवर्क्स सेंटर पर समस्याएं हैं, लेकिन वे जनरेटर सेट द्वारा समर्थित हैं। स्थिति नियंत्रण में हैं, लगभग 180-200 पेड़ गिरे हैं, सभी को हटा दिया गया है। हम स्थिति पर निगरानी रख रहे हैं, हमारी कोशिश है कि कम से कम नुकसान हो।

भूपेंद्र पटेल ने की अहम बैठक

गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने चक्रवात बिपरजॉय को लेकर संबंधित अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक की।

Kainchi Dham : मुख्यमंत्री धामी ने कैंची धाम के स्थापना दिवस की दी शुभकामना

 

Kainchi Dham : मुख्यमंत्री धामी ने कैंची धाम के स्थापना दिवस की दी शुभकामना

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देहरादून: Kainchi Dham  मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने सभी प्रदेशवासियों व सम्पूर्ण देश से आने वाले श्रद्धालुओं को श्रद्धा, भक्ति एवं विश्वास के पावन स्थल एवं हनुमान जी के अनन्य भक्त बाबा नीब करौरी द्वारा स्थापित कैंची धाम के स्थापना दिवस की शुभकामना दी।

Biparjoy Cyclone : आफत ला रहा बिपरजॉय, गुजरात में कई गांवों में कटी बिजली

कैंची धाम के स्थापना दिवस (Kainchi Dham) के अवसर पर मुख्यमन्त्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने दो घोषणाएं की। उन्होंने घोषणा की कि तहसील कोश्या कुटोली, जनपद नैनीताल का नाम बाबा नीब करौरी के धाम के नाम से तहसील ‘‘श्री कैंची धाम’’ होगा। वर्ष भर श्री कैची धाम में आने वाले श्रद्धालुओं की यात्रा सुगम हो, इस हेतु भवाली सैनिटोरियम से रातीघाट तथा भवाली सैनिटोरियम से नैनी बैण्ड के बाईपास सड़क का निर्माण तीव्रता से करते हुए अगले वर्ष श्री कैंची धाम के स्थापना दिवस से पूर्व पूर्ण कराने का प्रयास किया जायेगा।

स्थापना दिवस पर कैंची धाम में लगा महामेला

वैसो तो हर रोज यहां भक्तों का तांता लगा रहता है. लेकिन 15 जून को स्थापना दिवस के दिन यहां महामेला लगता है और भक्तों भी भारी भीड़ उमड़ती है. मंदिर समिति के पदाधिकारियों द्वारा कहा जा रहा है कि, आज यहां लगभग 2 लाख भक्त पहुंच सकते हैं. बुधवार के दिन ही आश्रम में 20 हजार से अधिक श्रद्धालु पहुंचे और सभी ने बाबा के दर्शन किए. सभी श्रद्धालुओं को भोजन भी कराया गया. वहीं कल से ही आश्रम में नीम करोली बाबा के जयकारों के साथ लोग दर्शन करने पहुंच रहे हैं. कुछ श्रद्धालु तो सड़क किनारे से ही हाथ जोड़कर बाबा का आशीर्वाद ले रहे हैं.

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